Muharram 2026 Kab Hai | मुहर्रम 2026 कब है — Date, Ashura, Chutti aur Poori Jankari (Islamic New Year 1448 AH)
🚨 अपडेट — जून 16, 2026
अरब देशों में इस्लामिक न्यू ईयर 1448 AH आज (16 जून 2026) से शुरू हो गया है। भारत में चाँद दिखने के बाद — 1 मुहर्रम 17 जून 2026 (बुधवार) से शुरू होने की उम्मीद है। आशूरा (10 मुहर्रम) — 26 जून 2026 (शुक्रवार) — India Gazetted Holiday।
🕌 मुहर्रम 2026 कब है? — यह सवाल इन दिनों सबसे ज़्यादा search हो रहा है। मुहर्रम इस्लामिक कैलेंडर का पहला और बेहद मुक़द्दस महीना है। इसी महीने की 10 तारीख़ (आशूरा) को भारत सरकार की Gazetted Holiday भी है। इस पोस्ट में जानें — मुहर्रम 2026 की exact date, Ashura kab hai, 3-day long weekend, state-wise holiday list, आशूरा का रोज़ा और मुहर्रम में क्या करें — सब एक जगह।
इस साल मुहर्रम का holiday शुक्रवार (Friday) को पड़ रहा है — इससे एक शानदार 3-दिन का long weekend बनता है:
🎯 Muharram 2026 — 3-Day Long Weekend
26 जून
शुक्रवार (Friday)
🏛️ Muharram — Gazetted Holiday
27 जून
शनिवार (Saturday)
📅 Weekend
28 जून
रविवार (Sunday)
📅 Weekend
✅ तीन दिन का यह वक़्त — इबादत, सदक़ा, क़ुरआन तिलावत और इमाम हुसैन AS की याद में गुज़ारें। यह अल्लाह की नेमत है।
🗺️ State-wise Holiday List 2026 — Kis State Mein Chutti Hai?
मुहर्रम का holiday Central Government का Gazetted Holiday है — लेकिन हर राज्य अपनी लिस्ट अलग रखता है:
राज्य (State)
छुट्टी?
नोट
🏛️ केंद्र सरकार / Banks
✅ हाँ
All Central Offices, Banks, Post Offices
दिल्ली
✅ हाँ
Delhi Govt. offices, Schools
उत्तर प्रदेश
✅ हाँ
सरकारी दफ़्तर, स्कूल
बिहार
✅ हाँ
सरकारी छुट्टी
पश्चिम बंगाल
✅ हाँ
Gazetted Holiday
महाराष्ट्र
✅ हाँ
State + Central offices
राजस्थान
✅ हाँ
सरकारी छुट्टी
मध्यप्रदेश
✅ हाँ
सरकारी छुट्टी
जम्मू & कश्मीर
✅ हाँ
Special observance
हरियाणा, पंजाब
⚠️ नहीं (कुछ)
State holiday list में नहीं — Banks बंद रहेंगे
गुजरात
⚠️ नहीं (कुछ)
सरकारी दफ़्तर खुले, Banks बंद
📌 ज़रूरी: Banks और Post Offices पूरे भारत में बंद रहेंगे (Central Gazetted Holiday)। अपने राज्य के Local Holiday Calendar से confirm करें।
🕌 मुहर्रम क्या है? — Muharram Kya Hai (Islam Ki Nazar Mein)
मुहर्रम (Muharram) इस्लामिक (हिजरी) कैलेंडर का पहला महीना है। "मुहर्रम" का मतलब अरबी में है — "हराम किया हुआ" या "पवित्र किया हुआ" — यानी यह महीना ख़ुद अल्लाह ने मुक़द्दस क़रार दिया है।
हिंदी तर्जुमा: "बेशक अल्लाह के नज़दीक महीनों की गिनती 12 है अल्लाह की किताब में — जिस दिन से उसने आसमान और ज़मीन बनाई। इनमें से 4 मुक़द्दस महीने हैं।"
📚 क़ुरआन — सूरह तौबा: 36
यह 4 मुक़द्दस महीने हैं: ज़ुल-क़ाअदा, ज़ुल-हिज्जा, मुहर्रम और रजब। मुहर्रम में नेक अमल का सवाब कई गुना ज़्यादा मिलता है।
नबी ﷺ ने फ़रमाया: "रमज़ान के बाद सबसे अफ़ज़ल रोज़े — अल्लाह के महीने मुहर्रम के रोज़े हैं।"
📚 (मुस्लिम: 1163)
⭐ Ashura (10 Muharram) — आशूरा की अहमियत (2 बड़ी वजहें)
10 मुहर्रम — आशूरा — इस्लामी इतिहास में दो बड़ी वजहों से बेहद ख़ास है:
1
🌊 हज़रत मूसा AS की नजात — सुन्नी मुसलमानों का रोज़ा
जब नबी ﷺ मदीना तशरीफ़ लाए तो यहूदियों को 10 मुहर्रम का रोज़ा रखते देखा। पूछा तो कहा: "यह वह दिन है जब अल्लाह ने हज़रत मूसा AS और बनी इस्राईल को फ़िरऔन से नजात दी।" नबी ﷺ ने फ़रमाया: "हम मूसा के ज़्यादा हक़दार हैं।" और आशूरा का रोज़ा रखा। (बुख़ारी: 2004)
2
⚔️ शहादत-ए-इमाम हुसैन AS — कर्बला की यादगार
10 मुहर्रम 61 हिजरी (680 ईस्वी) को हज़रत इमाम हुसैन AS — नबी ﷺ के नवासे — और उनके 72 साथियों ने कर्बला (इराक़) में सत्य के लिए अपनी जान दी। यह क़ुर्बानी इस्लामी इतिहास की सबसे बड़ी मिसाल है।
25-26 जून या 26-27 जून 2026 को रोज़ा रखें। यह पिछले एक साल के गुनाहों का कफ़्फ़ारा है। 🤲 इफ़्तार में यह दुआ पढ़ें।
2
🤲 इस्तिग़फ़ार और तौबा की कसरत
मुहर्रम के पूरे महीने इस्तिग़फ़ार (Astaghfirullah) की कसरत करें। यह मुक़द्दस महीने में गुनाहों से पाकी का बेहतरीन ज़रिया है। 💰 रिज़्क़ की बरकत के लिए भी इस्तिग़फ़ार पढ़ें।
3
💰 सदक़ा और ख़ैरात
मुहर्रम में सदक़ा देने का सवाब कई गुना ज़्यादा है। ग़रीबों, यतीमों और ज़रूरतमंदों की मदद करें। 💰 क़र्ज़ से निजात के लिए भी सदक़ा बेहद ज़रूरी है।
4
📖 क़ुरआन की तिलावत और नफ़्ल नमाज़
मुहर्रम में नेक अमल का सवाब बढ़ जाता है। तहज्जुद, चाश्त और ज़ुहा की नमाज़ पाबंदी से अदा करें।
🚫 क्या न करें: मातम, ज़ंजीर ज़नी और मार-पीट — यह क़ुरआन और सुन्नत से साबित नहीं। नबी ﷺ ने फ़रमाया: "वो हम में से नहीं जो गाल पीटे, कपड़े फाड़े।" (बुख़ारी: 1294) — इमाम हुसैन AS की याद रोने, दुआ और सदक़े से मनाएँ।
भारत में 1 मुहर्रम 1448 AH — 17 जून 2026 (बुधवार) को शुरू होगा। 10 मुहर्रम (आशूरा) — 26 जून 2026 (शुक्रवार) को है जो India Gazetted Holiday है। नोट: चाँद दिखने पर एक दिन का फ़र्क़ हो सकता है।
Q
Ashura 2026 Kab Hai? — आशूरा कब है?
आशूरा (10 मुहर्रम) — 26 जून 2026, शुक्रवार को है। यह भारत सरकार का Gazetted Holiday है। शुक्रवार होने से 3-दिन का long weekend (26-27-28 जून) बनता है।
Q
Muharram 2026 Mein Kaun Kaun Si Chutti Hai?
26 जून 2026 (शुक्रवार) — Muharram/Ashura का India Gazetted Holiday। इससे 26 (Friday Holiday) + 27 (Saturday) + 28 (Sunday) — 3 दिन की छुट्टी। Banks और केंद्र सरकारी दफ़्तर बंद रहेंगे।
Q
Ashura Ka Roza Kab Rakhein 2026 Mein?
दो options: (1) 9+10 मुहर्रम — 25+26 जून 2026 (Afzal), (2) 10+11 मुहर्रम — 26+27 जून 2026। सिर्फ़ 10 मुहर्रम का अकेला रोज़ा मकरूह है। हदीस में है — यह रोज़ा पिछले एक साल के गुनाहों का कफ़्फ़ारा है। (मुस्लिम: 1162)
Q
Islamic New Year 2026 Kab Hai?
इस्लामिक न्यू ईयर 1448 AH — 16 जून 2026 (Arab Countries) और 17 जून 2026 (India) से शुरू हुआ है। 1 मुहर्रम ही इस्लामिक न्यू ईयर का दिन है।
Q
Muharram Mein Kya Karna Chahiye?
(1) आशूरा का रोज़ा रखें, (2) इस्तिग़फ़ार और तौबा करें, (3) सदक़ा दें, (4) क़ुरआन तिलावत करें, (5) इमाम हुसैन AS की क़ुर्बानी से सबक़ लें। मातम और मार-पीट सुन्नत नहीं।
Q
Muharram Ka Roza Rakhna Zaroori Hai?
नहीं — आशूरा का रोज़ा फ़र्ज़ नहीं, सुन्नत (Mustahab) है। लेकिन इसका सवाब बहुत ज़्यादा है — पिछले एक साल के गुनाहों का कफ़्फ़ारा। जो रख सके उसे ज़रूर रखना चाहिए।
Q
Muharram Aur Ramzan Mein Kya Fark Hai?
रमज़ान में रोज़ा फ़र्ज़ है — मुहर्रम में सुन्नत/मुसतहब। हदीस में है — रमज़ान के बाद सबसे अफ़ज़ल रोज़े मुहर्रम के हैं। (मुस्लिम: 1163)
"बेशक अल्लाह ने महीनों को चुना — और उनमें से मुहर्रम को चुना।"
नया इस्लामिक साल 1448 AH मुबारक हो! यह मुक़द्दस महीना नेक अमल, तौबा, रोज़े और इमाम हुसैन AS की याद में गुज़ारें। अल्लाह आपका यह साल ख़ुशहाल, बरकत और सेहत से भरपूर करे! 🤲
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